ਭਾਵੇਂ ਜੀਵਨ ਵਿੱਚ ਧੋਖਿਆਂ ਦੀ ਝੜੀ ਲੱਗ ਗਈ, ਪਰ ਤੇਰਾ ਰੂਪ ਦੇਖ ਕੇ ਆਨੰਦ ਛਾ ਗਿਆ…   ਇਸ ਜੀਵਨ ਦਾ ਕੀ ਮੁੱਲ ਪੈਣਾ ਸੀ, ਤੇਰੇ... Read More
1. चाँदनी रात में बैठा हूँ लिए तुम्हारी यादों के साए, सामने चमकने वाले सितारे को तुम्हारा दर्पण बनाए। दिन के उजालों से हूँ मैं... Read More
1. जुड़वां बच्चे अपने कमरे में बैठे थे। एक हंस-हंस के लोटपोट हो रहा था जबकि दूसरा उदास था। पिता: “इतना क्यों हंस रहे हो?”... Read More